बांग्लादेश क्रिकेट में अभी कुछ भी ठीक नहीं चल रहा है. गुरुवार को बांग्लादेश क्रिकेटर्स वेलफेयर एसोसिएशन ने प्रेस कांफ्रेंस कर कहा कि जब तक बीसीबी डायरेक्टर नजमुल इस्लाम को उनके पद से हटाया नहीं जाएगा, कोई भी खिलाड़ी क्रिकेट नहीं खेलेगा. इसी कारण बीपीएल 2026 का पहला मैच रद्द हो गया. बीसीबी को डायरेक्टर को पद से हटाना पड़ा, हालांकि इसके बाद ढाका में कुछ लोगों ने नाराजगी जाहिर करते हुए स्टेडियम के बाहर तोड़फोड़ की. अब वेलफेयर एसोसिएशन के अध्यक्ष ने खुलासा किया है कि उन्हें और खिलाड़ियों को जान से मारने की धमकी भी आ रही है.
बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड ने डायरेक्टर नजमुल इस्लाम को उनके पद से हटा दिया है, जिसके बाद CWAB (क्रिकेटर्स वेलफेयर एसोसिएशन ऑफ बांग्लादेश) ने अपना प्रोटेस्ट खत्म किया. नजमुल ने तमीम इकबाल को ‘इंडियन एजेंट’ कहा था. इसी बयान से खिलाड़ी नाराज हुए थे. क्रिकबज की रिपोर्ट में जब बांग्लादेश क्रिकेटर्स वेलफेयर एसोसिएशन के अध्यक्ष मोहम्मद मिथुन से पूछा गया कि क्या वैसा हो रहा है जैसा आप चाहते थे?
इस पर उन्होंने कहा, “नहीं, सब कुछ वैसा नहीं हुआ जैसा हम चाहते थे. लेकिन क्रिकेट के लिए और हर खिलाड़ी के बारे में सोचते हुए, हमें कुछ बातों पर समझौता करना पड़ा. शुरुआत में हम बहुत सख्त थे, यह मानने में कोई दिक्कत नहीं है कि हम आखिर तक अपनी बात पर कायम नहीं रह पाए, लेकिन हम हमेशा चाहते थे कि मैच हो. जब हमने देखा कि अगर हम अपनी बात पर अड़े रहे तो मैच बिल्कुल नहीं होगा, तो हमें कुछ मामलों में झुकना पड़ा.”
खिलाड़ियों को मिली जान से मारने की धमकी
रिपोर्ट में उनसे पूछा गया कि धमकी मिल रही है? इस पर उन्होंने बताया, “यह सच है और मुझे ऐसा अनुभव पहले कभी नहीं हुआ. यह मेरी जिंदगी में पहली बार हुआ है. मुझे याद नहीं कि मैं कभी किसी विवादित बातचीत में शामिल हुआ हूं. यह मेरी समझ से बाहर है. मैंने कब देश के खिलाफ बात की है?”
मिथुन ने बताया कि अभी तक इसके बारे में बोर्ड को नहीं बताया है. उन्होंने कहा कि मुझे अनजान नंबरों से फोन आ रहे हैं. उनके अनुसार सिर्फ उन्हें ही नहीं बल्कि कई खिलाड़ियों को भी जान से मारने की धमकी दी जा रही है.
उन्होंने कहा, “मैंने बोर्ड को अभी तक नहीं बताया. सच बताऊं तो, मैं अपने मोबाइल पर अनजान नंबरों से कॉल नहीं उठा रहा हूं. लेकिन मैं व्हाट्सप्प पर मैसेज या वॉइस नोट नहीं रोक सकता. मुझसे इस बारे में वहां पूछा गया था. मेरा नंबर लोगों के पास है क्योंकि यह CWAB की तरफ से प्रेस को जाता है. इसीलिए मुझे अधिक कॉल और मैसेज आते हैं. लेकिन मैंने दूसरे खिलाड़ियों से भी सुना है कि उन्हें धमकियां मिली हैं, अलग-अलग तरह की धमकियां. मैंने अभी तक इस बारे में बोर्ड से बात नहीं की है.”