हर दिन एक ही समय पर सोने और जागने की कोशिश करें. इससे आपकी बॉडी क्लॉक सेट हो जाती है और आपको जल्दी नींद भी आएगी.

मोबाइल, टीवी या कंप्यूटर की स्क्रीन से निकलने वाली नीली रोशनी नींद के हार्मोन को प्रभावित करती है. सोने से कम से कम 30 मिनट पहले इन्हें बंद कर दें.

मोबाइल, टीवी या कंप्यूटर की स्क्रीन से निकलने वाली नीली रोशनी नींद के हार्मोन को प्रभावित करती है. सोने से कम से कम 30 मिनट पहले इन्हें बंद कर दें.

अलार्म को बिस्तर से दूर रखना मदद करता है क्योंकि इसे बंद करने के लिए आपको बिस्तर छोड़ना पड़ता है, जिससे उठना आसान होता है.

अलार्म को बिस्तर से दूर रखना मदद करता है क्योंकि इसे बंद करने के लिए आपको बिस्तर छोड़ना पड़ता है, जिससे उठना आसान होता है.

सुबह की सूरज की रोशनी शरीर की जैविक घड़ी को ठीक करती है और आपकी नींद के चक्र को नियमित बनाती है.

सुबह की सूरज की रोशनी शरीर की जैविक घड़ी को ठीक करती है और आपकी नींद के चक्र को नियमित बनाती है.

सुबह उठकर हल्की स्ट्रेचिंग या एक्सरसाइज करने से शरीर सक्रिय होता है. साथ ही, पानी पीने से शरीर हाइड्रेटेड रहता है और थकान कम होती है.

सुबह उठकर हल्की स्ट्रेचिंग या एक्सरसाइज करने से शरीर सक्रिय होता है. साथ ही, पानी पीने से शरीर हाइड्रेटेड रहता है और थकान कम होती है.

रात को ज्यादा कैफीन या भारी भोजन से नींद में खलल पड़ता है. इसलिए, सोने से पहले हल्का और स्वस्थ खाना खाएं.

रात को ज्यादा कैफीन या भारी भोजन से नींद में खलल पड़ता है. इसलिए, सोने से पहले हल्का और स्वस्थ खाना खाएं.

Published at : 15 Aug 2025 04:51 PM (IST)


Preferred Sources

हेल्थ फोटो गैलरी



Source link

YouTube
Instagram
WhatsApp