Debt Trap Solutions: आज के समय में बढ़ती महंगाई, बच्चों की पढ़ाई का खर्च और अचानक आने वाले मेडिकल बिल कई परिवारों के बजट को बिगाड़ देते हैं. ऐसे में जरूरत पूरी करने के लिए लोग पर्सनल लोन समेत अन्य लोन का सहारा लेते हैं. हालांकि, धीरे-धीरे इन लोन की किस्तें भारी लगने लगती हैं.
बहुत से मामलों में तो इंसान बिना समझे कर्ज के जाल में फंस जाता है. जब स्थिति हाथ से निकलने लगती है, तब इसका एहसास होता है. हालांकि, ऐसी स्थिति में घबराने की जगह सही कदम उठाकर कर्ज के जाल से बाहर निकला जा सकता हैं. आइए जानते हैं, ऐसे ही कुछ उपायों के बारे में…..
हर लोन को अलग नजर से देखें
यह जरूरी नहीं कि सभी तरह के लोन एक जैसे हों. उदाहरण के लिए होम लोन आमतौर पर कम ब्याज पर लंबे समय के लिए होता है. जबकि क्रेडिट कार्ड या पर्सनल लोन पर ज्यादा ब्याज लगता है.
इसलिए सबसे पहले अपने सभी लोन की एक सूची बनाएं और उनके ब्याज दर व ईएमआई पर ध्यान दें. इसके बाद कोशिश करें कि ज्यादा ब्याज वाले लोन को पहले खत्म किया जाए, ताकि बोझ जल्दी कम हो सके.
सबसे पहले महंगे कर्ज को प्राथमिकता दें
अगर आपका क्रेडिट कार्ड का बकाया हर महीने आगे बढ़ता जा रहा है, तो समझिए कि आपके सामने परेशानी खड़ी है. इस पर बैंक ज्यादा ब्याज वसूलते हैं, जिससे कर्ज तेजी से बढ़ता है. इसलिए सबसे पहले कोशिश करें कि क्रेडिट कार्ड का बकाया एक साथ या फिर दो-तीन किस्तों में जल्द से जल्द चुका दिया जाए. इससे आप पर आ रहे फाइनेंशियल दबाव में कमी आएगी.
महीने के खर्चों पर रखें नजर
बदलते समय में ऐसा देखा जाता है कि लोगों की आमदनी कम और खर्च ज्यादा होती है. ऐसे ही लोग आगे चलकर कर्ज की जाल में फंस जाते हैं. इसलिए जरूरी है कि हर महीने अपने सभी खर्चों को ध्यान से देखें.
इससे समझ आएगा कि कहां बेवजह पैसा जा रहा है और किन चीजों पर कटौती की जा सकती है. ऐसा करने से आपकी बचत बढ़ेगी और पैसों का बैलेंस बेहतर रहेगा.
बोनस और रिफंड का समझदारी से उपयोग करें
जब बोनस या टैक्स रिफंड के रूप में एक साथ पैसा मिलता है, तो उसे सोच-समझकर खर्च करना बहुत जरूरी होता है. बेहतर यही है कि इस रकम का इस्तेमाल पहले कर्ज चुकाने में किया जाए. अगर पहले से ही इसकी योजना बना ली जाए, तो यह पैसा बेवजह खर्च होने से बच सकता है. साथ ही आपकी आर्थिक स्थिति मजबूत हो सकती है.
यह भी पढ़ें: करेंसी के रिंग में डॉलर के आगे ढेर हुआ रुपया! बदलेगा खर्च का गणित, जानिए आपकी जेब पर कितना पड़ेगा असर