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Gold Loan vs Personal Loan: कई बार अचानक ऐसी स्थिति बन जाती है जब पैसों की तुरंत जरूरत होती है. अगर उस समय न तो इमरजेंसी फंड हो और न ही कोई बचत, तो लोगों के सामने लोन लेना ही एक विकल्प बचता है.

ऐसे में कुछ लोग पर्सनल लोन का सहारा लेते हैं. जबकि कई लोग अपने पास मौजूद सोने के बदले गोल्ड लोन लेने का विचार करते हैं. हालांकि किसी भी फैसले से पहले यह समझना जरूरी होता है कि गोल्ड लोन आपके लिए सही रहेगा या नहीं.

वित्तीय जानकार हर व्यक्ति को इमरजेंसी फंड और निवेश की सलाह देते हैं. अगर इसके बावजूद आपको पैसों की जरूरत पड़ रही है और आप गोल्ड लोन लेने का सोच रहे हैं, तो पहले इससे जुड़ी जरूरी बातों को समझ लेना बेहतर होता है. जिससे बाद में किसी तरह की परेशानी न हो…

क्रेडिट स्कोर कम होने पर भी मिल सकता है गोल्ड लोन

अगर किसी व्यक्ति का क्रेडिट स्कोर कम है. इसी वजह से उसे बैंक से पर्सनल लोन मिलने में दिक्कत आ रही है या बहुत ज्यादा ब्याज दर पर लोन ऑफर हो रहा है. तो ऐसे में गोल्ड लोन एक विकल्प हो सकता है.

आमतौर पर गोल्ड लोन में सोना गिरवी रखा जाता है, इसलिए लोन देने वाली संस्थाएं क्रेडिट स्कोर पर उतना ज्यादा निर्भर नहीं रहती है. इसी कारण कम क्रेडिट स्कोर वाले लोग भी इस विकल्प पर विचार कर सकते हैं

लंबे समय के लिए लोन विकल्प

अगर किसी व्यक्ति को लंबे अवधि के लिए लोन की जरूरत हैं तो, ऐसी स्थिति में पर्सनल लोन लेने की सलाह दी जाती है. वहीं, 3 से 6 महीने के समय के लिए आपको लोन चाहिए तो गोल्ड लोन एक अच्छा विकल्प हो सकता है. 

जल्दी पैसों की जरूरत हो तो गोल्ड लोन एक विकल्प

अगर किसी व्यक्ति को कम समय में ज्यादा पैसों की जरूरत पड़ जाती है, तो ऐसी स्थिति में गोल्ड लोन एक विकल्प बन सकता है. कई बार पर्सनल लोन की प्रक्रिया पूरी होने में ज्यादा समय लग जाता है, जबकि गोल्ड लोन आमतौर पर जल्दी मिल जाता है.

यही वजह है कि इमरजेंसी स्थिति में लोग अपने सोने के बदले लोन लेने का फैसला करते हैं, ताकि उनकी पैसों की जरूरत तुरंत पूरी हो सके.  

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