PHOTO : राज्यात लवकरच पाणीबाणी
PHOTO : राज्याच्या सहाही विभागांतील धरणांमधील पाणीसाठा अवघा 66 टक्क्यांवर
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PHOTO : राज्याच्या सहाही विभागांतील धरणांमधील पाणीसाठा अवघा 66 टक्क्यांवर
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<p>अमरावतीच्या मेळघाटात आदिवासींचा भव्य मोर्चा, धारणी आणि चिखलदरा तालुक्यातील एक हजार लोकसंख्येवरील गावाला स्वतंत्र ग्रामपंचायत दर्जा मिळावा, नवीन ग्रामपंचायतला येत्या सहा महिन्यात मंजुरी द्यावी, अशा विविध मागण्यांसाठी मोर्चा काढण्यात आला. </p>
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<p>अमरावतीत धुक्याची चादर, अवकाळी पावसामुळे वातावरणात बदल. </p>
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पुणे27 मिनट पहले
बताया जा रहा है कि फैक्ट्री बिना लायसेंस के ही चलाई जा रही थी।
महाराष्ट्र में पुणे के पिंपरी चिंचवड में फायर कैंडल बनाने वाली एक फैक्ट्री के गोदाम में आग लग लग गई। इस हादसे में 6 मजदूरों की मौत हो गई और 8 घायल हो गए। मृतकों में सभी 6 महिलाएं हैं।
घायलों को पिंपरी चिंचवड के वाईसीएम अस्पताल में भर्ती करवाया गया है। पिंपरी चिंचवड़ नगर निगम के आयुक्त शेखर सिंह ने बताया कि अभी तक मृतकों का पहचान नहीं हो सकी है।
आग इतनी भीषण थी कि मजदूरों को भागने का मौका तक नहीं मिला। वहीं, आग बुझाने में दमकल की 6 गाड़ियां लगानी पड़ीं। यह फैक्ट्री देहुरोड पुलिस स्टेशन के अंतर्गत आती है।
फैक्ट्री में बर्थडे पार्टी की फायर कैंडल बनाई जा रही थीं। यह भी जानकारी मिल रही हैं कि फैक्ट्री बिना लायसेंस के ही चलाई जा रही थी।
नीचे देखें, हादसे की PHOTOS




नागपुर12 घंटे पहले
महाराष्ट्र विधानसभा का शीतकालीन सत्र गुरुवार से नागपुर में शुरू हो गया। सत्र के पहले दिन महाराष्ट्र के गृह मंत्री और उप मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने महाराष्ट्र विधानसभा में महाराष्ट्र कसीनो (नियंत्रण एवं टैक्स) विधेयक पेश किया। वहीं, राज्य के वित मंत्री अजित पवार ने विधानसभा में चिटफंट महाराष्ट्र संशोधन विधेयक पेश किया।
विपक्ष ने फल-सब्जियों की माला पहनकर किया प्रदर्शन
सत्र शुरू होने से पहले विधानसभा में विपक्ष के नेताओं ने किसानों समेत कई मुद्दों पर प्रदर्शन करते हुए नारेबाजी की। इस दौरान कई नेता फलों-सब्जियों की माला पहने हुए नजर आए। वहीं, कईयों ने बैनर लेकर भी प्रदर्शन किया।
विपक्ष ने आरोप लगाया कि सरकार कृषि संकट, दंगों और मादक पदार्थों की तस्करी से निपटने में विफल रही है। वहीं मंत्रिमंडल की बैठक के बाद मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे और उप मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने विपक्ष के आरोपों को निराधार बताया।

किसानों समेत कई मुद्दों पर प्रदर्शन करते हुए विपक्ष के नेता।
सरकार की चाय पार्टी का किया था बहिष्कार
विपक्ष के नेताओं के विरोध प्रदर्शन की तैयारी पहले से ही थी। सत्र की पूर्व संध्या पर विपक्ष ने सरकार द्वारा आयोजित चाय पार्टी का भी बहिष्कार किया था। जानकारी यह भी सामने आ रही है कि सरकार ने राज्य में किसानों के सवाल पर विपक्ष को जवाब देने की तैयारी कर ली है।

कसबा पेठ से विधायक रवींद्र धांगेकर ने ललित पाटिल मामले में कार्रवाई की मांग के लिए यह अनोखा तरीका अपनाया।
सत्र 14 दिनों का, लेकिन कामकाज के 10 दिन ही
शीतकालीन सत्र 20 दिसंबर तक चलेगा, लेकिन छुट्टियों को हटा दिया जाए तो वास्तविक कामकाज सिर्फ 10 दिन ही होगा। सत्र में विपक्षी पार्टियों द्वारा मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे की सरकार को मराठा आरक्षण, बेमौसम बारिश, राज्य में निवेश जैसे कई अन्य मुद्दों पर घेरने की संभावना है।

वर्धा जिले के हिंगनघाट में स्वीकृत सरकारी मेडिकल कॉलेज को मंजूरी देने की मांग करते हुए विधायक समीर कुनावार।
सत्र के लिए 10 दिन का समय बहुत कम: विपक्ष
विधानसभा के शीतकालीन सत्र को लेकर विपक्ष के कांग्रेस नेता विजय वडेट्टीवार ने बताया कि इस सत्र का आयोजन नागपुर में कराने को लेकर चर्चा की गई थी। विपक्षी पार्टी ने सरकार से मांग की थी कि इस सत्र को तीन सप्ताह के लिए आयोजित किया जाए, लेकिन उन्होंने केवल दस दिन तक का ही काम रखा है।
इन दस दिनों में किसी भी समस्या का हल नहीं निकलेगा। इस समय महाराष्ट्र के सामने कई गंभीर मुद्दे है, जिसपर चर्चा करने के लिए 10 दिन का समय बहुत कम है।
नई दिल्ली8 दिन पहले
NCRB की रिपोर्ट के मुताबिक, महाराष्ट्र में पिछले साल सबसे ज्यादा 22,746 लोगों ने आत्महत्या की थी।
नेशनल क्राइम रिकॉर्ड ब्यूरो (NCRB) की साल 2022 की रिपोर्ट में बताया गया कि पिछले साल देश में सुसाइड के कुल 1 लाख 71 हजार मामले रिकॉर्ड किए गए। यानी हर दिन 468 लोगों ने आत्महत्या की।
3 दिसंबर को जारी NCRB की रिपोर्ट के मुताबिक, पिछले साल महाराष्ट्र में सबसे ज्यादा सुसाइड हुए। यहां 22,746 लोगों ने आत्महत्या की। तमिलनाडु में 19,834 और मध्य प्रदेश में 15,386 लोगों ने सुसाइड किया।
आत्महत्या करने वालों में 11,290 लोग खेतिहर मजदूर या किसान थे। इनमें 5,207 किसान और 6,083 खेतिहर मजदूर थे। इस हिसाब से हर दिन 30 मजदूरों या किसानों ने सुसाइड किया।
यह 2021 की तुलना में 3.7% ज्यादा है। 2021 में कृषि क्षेत्र से जुड़े 10,881 लोगों की आत्महत्या से मौत हुई थी। इनमें 5,318 किसान और 5,563 खेतिहर मजदूर थे। पुरुष किसानों की संख्या 4,999 और महिलाओं की 208 थी।

दिल्ली में आत्महत्या के मामले 21% बढ़े
महानगरों की बात करें तो दिल्ली में सबसे ज्यादा 3,367, बेंगलुरु में 2,313, चेन्नई में 1,581 और मुंबई में 1,501 लोगों ने पिछले साल आत्महत्या की। दिल्ली में 2021 की तुलना में आत्महत्या के मामले 21% बढ़े हैं। देश में 2021 के मुकाबले यह आंकड़ा 4.2% बढ़ा है।
फैमिली प्रॉब्लम-बीमारी सुसाइड की सबसे बड़ी वजह
आत्महत्या के आधा से ज्यादा मामलों में फैमिली प्रॉब्लम और बीमारी से परेशान होकर लोगों ने अपनी जान दे दी। लव अफेयर और शादी में प्रॉब्लम के कारण 9.3% सुसाइड हुए। 4.1% मामलों में लोगों ने कर्ज या दिवालियापन के कारण आत्महत्या की।
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दिल्ली महिलाओं के लिए सबसे असुरक्षित शहर:NCRB-2022 की रिपोर्ट में दावा- यहां एक दिन में 3 रेप हुए

राष्ट्रीय अपराध रिकॉर्ड ब्यूरो (NCRB) ने 2022 की रिपोर्ट रविवार (3 दिसंबर) जारी कर दी है। इस रिपोर्ट में बताया गया है कि दिल्ली महिलाओं के लिए सबसे असुरक्षित शहर है। यहां 2022 में एक दिन में 3 रेप केस दर्ज किए गए।
NCRB की 546 पेज की रिपोर्ट में बताया कि देश में महिलाओं के खिलाफ अपराध के कुल 4 लाख 45 हजार 256 केस दर्ज किए गए, यानी हर घंटे लगभग 51 FIR हुईं। 2021 में यह आंकड़ा 4 लाख 28 हजार 278 था। पूरी खबर पढ़ें…
एनसीआरबी की रिपोर्ट में खुलासा; मप्र में सबसे ज्यादा दुष्कर्म भोपाल में, नाबालिगों से यौन अपराध धार में ज्यादा

नेशनल क्राइम रिकॉर्ड ब्यूरो (एनसीआरबी) के डेटा के मुताबिक 2022 में मप्र में दुष्कर्म के मामले घटे हैं। यह दूसरे से खिसककर तीसरे पायदान पर आ गया है। लेकिन, भोपाल- इंदौर जैसे बड़े शहरों में महिलाएं अभी भी सुरक्षित नहीं हैं।
2022 में भोपाल कमिश्नरेट में दुष्कर्म के सबसे अधिक 393 केस दर्ज किए गए। दूसरे नंबर पर इंदौर रहा। यहां 359 मामले दर्ज हुए। पूरी खबर पढ़ें…