शबवा संघर्ष में अब तक 28 लोगों की मौत, 68 घायल

शबवा संघर्ष में अब तक 28 लोगों की मौत, 68 घायल



डिजिटल डेस्क, अदन। यमन के शबवा में सुरक्षा बलों के बीच हुई झड़पों में मरने वालों की संख्या बढ़कर 28 हो गई है, जबकि 68 लोग घायल हो गए है। यह सूचना एक चिकित्सा अधिकारी ने समाचार एजेंसी शिन्हुआ को दी।

स्थानीय चिकित्सा सूत्र ने गुरुवार को नाम न छापने की शर्त पर कहा, स्थानीय चिकित्सा केंद्रों के आंकड़ों ने पुष्टि की है कि शबवा संघर्ष में कुल 28 लोग मारे गए, जबकि 68 से ज्यादा अन्य घायल हो गए।

उन्होंने कहा, दोनों पक्षों के सभी घायलों का इलाज शबवा के सरकारी और निजी अस्पतालों में चल रहा है।

समाचार एजेंसी शिन्हुआ की रिपोर्ट के अनुसार, सोमवार को यमन के दक्षिणी प्रांत शबवा में आवासीय इलाकों में राइवल सिक्योरिटी यूनिट के बीच झड़प शुरू हुईं।

मुस्लिम ब्रदरहुड-संबद्ध इस्ला पार्टी के वफादार सुरक्षा यूनिट ने प्रांतीय राजधानी अताक में सरकारी सुरक्षा बलों पर हमला किया, जिससे मामला गंभीर हो गया।

बुधवार को, शबवा के गवर्नर ने दक्षिणी जायंट्स ब्रिगेड के सैनिकों को विद्रोही सैनिकों पर नकेल कसने और प्रांत में स्थानीय राज्य सुविधाओं को सुरक्षित करने के लिए एक सैन्य अभियान चलाने का आदेश दिया।

यमन के राष्ट्रपति नेतृत्व परिषद ने शबवा के गवर्नर के लिए अपना पूर्ण समर्थन व्यक्त किया और सरकार समर्थक बलों से रणनीतिक प्रांत में सुरक्षा और स्थिरता लागू करने का आग्रह किया।

 

आईएएनएस

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अशरफ गनी ने अफगानिस्तान पर तालिबान के अधिग्रहण के लिए अमेरिका को ठहराया जिम्मेदार

अशरफ गनी ने अफगानिस्तान पर तालिबान के अधिग्रहण के लिए अमेरिका को ठहराया जिम्मेदार



डिजिटल डेस्क, काबुल। अफगानिस्तान के पूर्व राष्ट्रपति अशरफ गनी ने अपनी सरकार गिरने के करीब एक साल बाद अपनी चुप्पी तोड़ते हुए एक साक्षात्कार में अमेरिका, काबुल के राजनेताओं और अन्य को तालिबान द्वारा युद्धग्रस्त देश पर कब्जा करने के लिए जिम्मेदार ठहराया है।

डीपीए समाचार एजेंसी की रिपोर्ट के अनुसार, बुधवार को नव स्थापित मीडिया आउटलेट अफगान ब्रॉडकास्टिंग नेटवर्क (एबीएन) के साथ अपने पहले टेलीविजन साक्षात्कार में, गनी ने विशेष रूप से अफगान शांति के लिए नियुक्त पूर्व अमेरिकी राजदूत जलमय खलीलजाद के साथ-साथ कई प्रमुख अफगान राजनेताओं को इसके लिए दोषी ठहराया।

गनी खलीलजाद पर सबसे अधिक नाराज नजर आए, जिन्होंने दोहा में तालिबान के साथ एक शांति समझौते पर हस्ताक्षर किए, जिसने देश से विदेशी ताकतों की पूर्ण वापसी का मार्ग प्रशस्त किया। उन्होंने खलीलजाद को भ्रष्ट और अक्षम कहा। 15 अगस्त, 2021 को तालिबान के अफगान राजधानी में प्रवेश करने के बाद पूर्व राष्ट्रपति काबुल से भाग गए थे और अब संयुक्त अरब अमीरात में निर्वासन में रह रहे हैं। उनके जाने से तालिबान के लिए राष्ट्रपति भवन पर कब्जा करने का मार्ग प्रशस्त हो गया था।

गनी ने बाद में अफगान नागरिकों से माफी मांगते हुए कहा कि उन्हें रक्तपात से बचने के लिए भागना पड़ा। राजनीतिक समझौते तक पहुंचने से पहले भागने के लिए राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर उनकी भारी आलोचना की गई। हालांकि, वह अभी भी खुद को अफगानिस्तान का राष्ट्रपति मानते हैं। अपनी सरकार गिरने से पहले, गनी ने दावा किया था कि वह मृत्यु तक तालिबान के खिलाफ खड़े रहेंगे।अब वे कहते हैं कि जब काबुल का पतन हुआ था, तब उनके पास कोई कार्यकारी शक्ति नहीं थी।गनी ने एबीएन को बताया कि वह छोड़ने वाले अंतिम व्यक्ति थे और उन्होंने डॉ. नजीब के कड़वे अनुभव को दोहराने से बचने के लिए ऐसा किया।

वह अफगानिस्तान के पूर्व राष्ट्रपति मोहम्मद नजीबुल्लाह का जिक्र कर रहे थे, जिन्हें 1996 में तालिबान ने तब मारा था, जब उन्होंने पहली बार काबुल पर कब्जा किया था। उन्होंने कहा कि देश के पूर्व रक्षा मंत्री उनके सामने से भाग गए और काबुल में अमेरिकी दूतावास ने पहले ही अपने कर्मचारियों और अफगान अभिजात्य बलों को निकालना शुरू कर दिया था। गनी ने एबीएन को बताया कि उनके खुफिया प्रमुख ने कहा था कि उस समय अफगान सेनाएं लड़ने में असमर्थ थीं।

 

आईएएनएस

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आईआईएम उदयपुर ने वर्किंग एक्जीक्यूटिव्स के लिए 2-वर्षीय ऑनलाइन पीजीडीबीए पाठ्यक्रम के लिए आवेदन आमंत्रित किए

आईआईएम उदयपुर ने वर्किंग एक्जीक्यूटिव्स के लिए 2-वर्षीय ऑनलाइन पीजीडीबीए पाठ्यक्रम के लिए आवेदन आमंत्रित किए



डिजिटल डेस्क, उदयपुर। इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट, उदयपुर (आईआईएम उदयपुर) ने वर्किंग एक्जीक्यूटिव्स के लिए बिजनेस एडमिनिस्ट्रेशन में पोस्ट ग्रेजुएट डिप्लोमा (पीजीडीबीए-डब्ल्यूई) पाठ्यक्रम के लिए प्रवेश की प्रक्रिया शुरू कर दी है। यह पाठ्यक्रम 24 महीने की अवधि का है और किसी भी विषय से स्नातक, साथ में ग्रेजुएशन के बाद न्यूनतम तीन साल का पूर्णकालिक अनुभव रखने वाले अभ्यर्थी इस पाठ्यक्रम के लिए आवेदन कर सकते हैं। यह पाठ्यक्रम सिर्फ सप्ताहांत पर वर्चुअल मोड पर आयोजित किया जाएगा, ताकि उम्मीदवारों को अपना रोजगार जारी रखते हुए कक्षाओं में भाग लेने में आसानी हो। इस पाठ्यक्रम के जरिये वर्तमान में कार्यरत पेशेवर लोगों कोे, विश्व स्तर पर रैंक और मान्यता प्राप्त आईआईएम से व्यवसाय प्रबंधन की एक मजबूत और गहरी समझ विकसित करके अपने प्रदर्शन और करियर में सुधार करने के काबिल बनाने का प्रयास करता है।

यह कार्यक्रम इस तरह से डिजाइन किया गया है कि कंपनियां चाहें, तो अपने कर्मचारियों को प्रायोजित कर सकती हैं या इस कोर्स को पूरा करने के लिए उन्हें ऋण दे सकती हैं, क्योंकि इससे न सिर्फ कर्मचारियों के कौशल में बढ़ोतरी होगी, बल्कि उन्हें अपने साथ जोड़े रखने और उन्हें निरंतर प्रेरित करने में भी मदद मिलेगी। हालांकि कोर्स करने के लिए कंपनी का प्रायोजन आवश्यक नहीं है और सीधे भी आवेदन किया जा सकता है। 

आईआईएम उदयपुर के डायरेक्टर प्रोफेसर अशोक बनर्जी ने कहा, ‘‘यह पाठ्यक्रम बिजनेस मैनेजमेंट के संबंध में संपूर्ण जानकारी प्रदान करता है और इसे कुछ इस तरह तैयार किया गया है कि इसके माध्यम से लोग प्रोफेशनल ग्रोथ, लीडरशिप और स्ट्रेटेजी बनाने में कुशलता हासिल कर सकें। हमारा लक्ष्य उन लोगों की सहायता करना है जो औपचारिक प्रबंधन शिक्षा प्राप्त नहीं कर सके, ताकि उन्हें न केवल अपने ज्ञान को बढ़ाने में मदद मिले बल्कि हमेशा के लिए बदलती व्यावसायिक दुनिया में भी वे आगे बने रहें। हमें उम्मीद है कि यह कोर्स कॉरपोरेट लीडर्स को विकसित करने में भी मदद करेगा।’’

कार्यक्रम 27 मई, 2023 से शुरू होगा, छात्र कार्यक्रम के पहले 1-सप्ताह के ऑन-कैंपस मॉड्यूल के दौरान व्याख्यान में फिजिकल तौर पर शामिल होंगे। इसके उपरांत छात्रों को किसी भी अध्ययन केंद्र पर जाने की आवश्यकता नहीं है, क्योंकि पूरे पाठ्यक्रम के दौरान कहीं से भी कक्षाओं में ऑनलाइन भाग लिया जा सकता है। पाठ्यक्रम के समापन पर मई 2025 में, दूसरा और अंतिम एक सप्ताह का ऑन-कैंपस मॉड्यूल आयोजित किया जाएगा।

पाठ्यक्रम छात्रों को वैकल्पिक पाठ्यक्रमों के चयन की सुविधा प्रदान करता है। बैच कोई भी तीन पाठ्यक्रम चुन सकता है। पाठ्यक्रम के दौरान वास्तविक जीवन से जुड़े प्रसंगों/घटनाओं को कक्षा में प्रस्तुत किया जाता है और प्रतिभागियों को अपने एक्टिव तौर पर लर्निंग के लिए प्रोत्साहित किया जाता है। केस मेथड के साथ-साथ सेमिनार, सिमुलेशन, खेल, रोल-प्ले, अतिथि व्याख्यान और ग्रुप एक्सरसाइज का आयोजन भी किया जाता है। प्रतिभागियों को अपने पारस्परिक और संचार कौशल विकसित करते हुए अनुकूलन, बातचीत और समस्या-समाधान के लिए चुनौती दी जाती है। आईआईएम उदयपुर पाठ्यक्रम पूरा करने वाले सभी प्रतिभागियों को एल्यूमिनाई का दर्जा प्रदान करेगा।

पात्रता
कम से कम 10$2 की स्कूली शिक्षा और किसी भी विषय में स्नातक डिग्री या समकक्ष के साथ तीन साल की विश्वविद्यालय शिक्षा
योग्यता के बाद 31 मार्च, 2023 तक न्यूनतम तीन साल का पूर्णकालिक अनुभव
मान्य जीएमएटी स्कोर, या मान्य जीआरई स्कोर, या 2018 या उसके बाद के परीक्षणों के सीएटी स्कोर, या आईआईएमयू द्वारा आयोजित की जाने वाली प्रवेश परीक्षा का स्कोर। आईआईएमयू निम्नलिखित तिथियों पर एक ऑनलाइन परीक्षा आयोजित करेगा। ऑनलाइन टेस्ट कहीं से भी किया जा सकता है-

  • 16 अक्टूबर, 2022
  • 27 नवंबर, 2022
  • 08 जनवरी, 2023
  • 19 फरवरी, 2023
  • 26 मार्च, 2023
  • 30 अप्रैल, 2023

चयन प्रक्रिया

  • इच्छुक उम्मीदवारों को ऑनलाइन आवेदन पत्र भरना होगा
  • पात्रता मानदंड के आधार पर आवेदकों को शॉर्टलिस्ट किया जाएगा, और शॉर्टलिस्ट किए गए उम्मीदवार व्यक्तिगत साक्षात्कार में शामिल होंगे
  • उम्मीदवार के समग्र शैक्षणिक प्रोफाइल, कार्य अनुभव, जीमैट/जीआरई/सीएटी/आईआईएमयू परीक्षा में प्राप्तांक और व्यक्तिगत साक्षात्कार में प्रदर्शन के आधार पर दिया ऑफर ऑफ एडमिशन दिया जाएगा।



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आकाश बायजूस ने लड़कियों के सशक्तीकरण और समावेशन के लिए लॉन्च किया ‘एजुकेशन फॉर ऑल’

आकाश बायजूस ने लड़कियों के सशक्तीकरण और समावेशन के लिए लॉन्च किया ‘एजुकेशन फॉर ऑल’



डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। भारत सरकार की ‘आजादी का अमृत महोत्सव’ पहल के मौके पर प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कराने वाले अग्रणी संस्थान आकाश बायजूस ने ‘एजुकेशन फॉर ऑल’ के माध्यम से उच्च शिक्षा के लिए निजी कोचिंग में छात्राओं के सशक्तीकरण एवं समावेशन के लिए बड़ी पहल का एलान किया है। इसके तहत वंचित परिवारों के 7वीं से 12वीं कक्षा के करीब 2000 छात्रों, विशेषरूप से लड़कियों को नीट एवं जेईई की निशुल्क कोचिंग एवं स्कॉलरशिप प्रदान की जाएगी।

दिल्ली के एयरोसिटी में जेडब्ल्यू मैरिएट होटल में मुख्य कार्यक्रम के साथ-साथ देश में 45 स्थानों पर एक साथ इस पहल की लॉन्चिंग की गई। दिल्ली में मुख्य कार्यक्रम में आकाश बायजूस के चेयरमैन श्री जे. सी. चौधरी, मैनेजिंग डायरेक्टर श्री आकाश चौधरी और सीईओ श्री अभिषेक माहेश्वरी व कंपनी के अन्य अधिकारी उपस्थित रहे। कार्यक्रम में आकाश बायजूस के पूर्व छात्र भी उपस्थित रहे, जो एएनटीएचई के माध्यम से संस्थान से जुड़े थे। पूर्व छात्रों को उनकी शैक्षणिक उपलब्धियों के लिए ट्रॉफी एवं बुके देकर सम्मानित किया गया।

इस प्रोजेक्ट के तहत चयनित छात्र आकाश बायजूस के नेशनल टैलेंट हंट एक्जाम – 2022 (एएनटीएचई 2022) में हिस्सा लेंगे। यह संस्थान की फ्लैगशिप स्कॉलरशिप परीक्षा है, जो देशभर में ऑनलाइन एवं ऑफलाइन माध्यम से 5 से 13 नवंबर तक आयोजित की जाएगी। टॉप 2,000 छात्रों को नीट एवं आईआईटी-जेईई के लिए सर्वाधिक लोकप्रिय कोचिंग प्रोग्राम में शुमार आकाश बायजूस की निशुल्क कोचिंग का मौका मिलेगा।

लाभार्थी छात्रों की पहचान के लिए आकाश कुछ चुनिंदा एनजीओ के साथ साझेदारी करेगा, जो आर्थिक रूप से कमजोर तबके के छात्रों, परिवार में इकलौती लड़की और सिंगल पैरेंट (मां) वाले बच्चों को नॉमिनेट करेंगे। पूरे भारत में आकाश बायजूस के करीब 285 से ज्यादा सेंटर हैं और यह देश के किसी कोचिंग इंस्टीट्यूट की सर्वाधिक शाखाएं हैं। हर सेंटर पर औसतन 9 क्लासेज होती हैं।

‘एजुकेशन फॉर ऑल’ पहल को लेकर आकाश बायजूस के मैनेजिंग डायरेक्टर श्री आकाश चौधरी ने कहा, ‘इस इंडस्ट्री में इतने समय से कार्य करते हुए हमने अनुभव किया कि हमारे देश में लगातार मेडिकल एवं इंजीनियरिंग को लेकर महत्वाकांक्षा बढ़ रही है। हमारे युवा इन दोनों क्षेत्रों में स्वयं के विकास एवं सामाजिक योगदान को लेकर मौजूद संभावनाओं और अवसरों को समझ रहे हैं। हालांकि ऐसे लाखों छात्र हैं जिनके लिए निजी कोचिंग संस्थानों में जाना संभव नहीं होता है, जबकि ऐसी कोचिंग प्रवेश परीक्षा पास करने की उनकी संभावना को बढ़ा सकती है। लड़कियों के मामले में मुश्किल और भी बढ़ जाती है, क्योंकि बहुत से परिवार लड़कियों की शिक्षा पर बहुत ज्यादा खर्च नहीं करना चाहते हैं। इस कारण से वंचित समुदाय के छात्रों, विशेषरूप से लड़कियों के लिए मौके और भी कम हो जाते हैं। ‘एजुकेशन फॉर ऑल’ के माध्यम से हम ऐसे छात्रों के लिए प्रोफेशनल कोर्सेज की कोचिंग के अवसर को बढ़ाने की दिशा में एक छोटा सा प्रयास कर रहे हैं।‘

उन्होंने जोर देकर कहा कि इन छात्रों की कोचिंग की गुणवत्ता से किसी तरह का समझौता नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा, ‘इस पहल के पीछे हमारा विचार है कि आकाश बायजूस के प्रत्येक केंद्र को केवल कोचिंग के मामले में ही नहीं, बल्कि समावेशन एवं महिला सशक्तीकरण के मामले में भी सेंटर ऑफ एक्सीलेंस का सबसे तेजी से बढ़ता नेटवर्क बनाया जाए। हमें भरोसा है कि इस पहल को गरीब परिवारों, इकलौती बेटी वाले परिवारों एवं सिंगल पैरेंट (मां) की तरफ से अच्छी प्रतिक्रिया मिलेगी।‘

एजुकेशन फॉर ऑल पहल के तहत मिलने वाली स्कॉलरशिप एएनटीएचई स्कॉलरशिप के अलावा होगी। पहले की ही तरह 13वें संस्करण यानी एएनटीएचई 2022 के तहत मेरिट वाले छात्रों को 100 प्रतिशत तक की स्कॉलरशिप तथा बेहतर प्रदर्शन करने वाले छात्रों को नकद पुरस्कार भी दिया जाएगा। इनके अतिरिक्त 5 छात्रों को अपने एक अभिभावक के साथ नासा जाने का मौका भी मिलेगा। अपनी लॉन्चिंग से अब तक एएनटीएचई ने 33 लाख से ज्यादा छात्रों को स्कॉलरशिप दी है।

एएनटीएचई एक घंटे की परीक्षा है। एएनटीएचई ऑनलाइन का आयोजन परीक्षा के सभी दिनों में आकाश बायजूस के सभी 285 से ज्यादा सेंटर में सुबह 10 बजे से शाम 7 बजे तक होगा और ऑफलाइन परीक्षा 6 और 13 नवंबर को दो शिफ्ट में सुबह 10:30 से 11:30 और शाम 4:00 से 5:00 बजे होगी। छात्र अपने हिसाब से कोई स्लॉट चुन सकते हैं।

एएनटीएचई में कुल 90 अंक होते हैं। इसमें 35 मल्टीपल चॉइस प्रश्न होते हैं, जो छात्र की कक्षा एवं स्ट्रीम के हिसाब से होते हैं। सातवीं से नौवीं कक्षा के लिए फिजिक्स, केमिस्ट्री, बायोलॉजी, मैथ और मेंटल एबिलिटी के प्रश्न होते हैं। कक्षा 10 के छात्रों के लिए मेडिकल की तैयारी करने वालों की परीक्षा में फिजिक्स, केमिस्ट्री, बायोलॉजी एवं मेंटल एबिलिटी के प्रश्न होते हैं, जबकि इंजीनियरिंग की तैयारी करने वाले छात्रों के लिए फिजिक्स, केमिस्ट्री, मैथ और मेंटल एबिलिटी के प्रश्न होते हैं। नीट की तैयारी कर रहे 11वीं एवं 12वीं के छात्रों की परीक्षा में फिजिक्स, केमिस्ट्री, बोटनी और जूलोजी के प्रश्न आते हैं तथा इंजीनियरिंग के लिए फिजिक्स, केमिस्ट्री और मैथ के प्रश्न आते हैं।



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रबीन्द्रनाथ टैगोर विश्वविद्यालय ने बाइक रैली निकालकर मनाया हर घर तिरंगा अभियान

रबीन्द्रनाथ टैगोर विश्वविद्यालय ने बाइक रैली निकालकर मनाया हर घर तिरंगा अभियान


डिजिटल डेस्क, भोपाल। आजादी के अमृत वर्ष पर देश की एकता, अखंडता और राष्ट्रीयता के प्रतीक राष्ट्रीय ध्वज को सम्मान देने के लिए केन्द्र सरकार द्वारा हर घर तिरंगा अभियान आयोजित किया जा रहा है। रबीन्द्रनाथ टैगोर विश्वविद्यालय द्वारा हर घर तिरंगा यात्रा के जागरूकता संदेश के लिए बाइक रैली का आयोजन किया गया। इस यात्रा को श्री वी.डी. शर्मा जी, प्रदेश अध्यक्ष भारतीय जनता पार्टी और श्रीमती मालती राय, महापौर भोपाल नगर निगम ने हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस अवसर पर रबीन्द्रनाथ टैगोर विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ ब्रह्म प्रकाश पेठिया, कुलसचिव डॉ विजय सिंह, शिक्षाविद डाॅ. अमिताभ सक्सेना एवं अन्य गणमान्य अतिथि उपस्थित थे। यह यात्रा सारनाथ कांपलेक्स, एमपी नगर से प्रारंभ होकर नेहरू नगर, भदभदा चौराहा, पॉलिटेक्निक चौराहा, वीआईपी रोड, लालघाटी चौराहा, नादरा बस स्टैंड, भोपाल टॉकीज, जहांगीराबाद, चेतक ब्रिज, होशंगाबाद रोड से होते हुए रबीन्द्रनाथ टैगोर विश्वविद्यालय के परिसर पर समाप्त हुई। इस यात्रा में विश्व विद्यालय के विद्यार्थी फैकल्टी स्टॉप, राष्ट्रीय कैडेट कोर के कैडेट और राष्ट्रीय सेवा योजना के स्वयंसेवकों ने बढ़ चढ़कर भाग लिया।

इस अवसर पर श्री वी डी शर्मा जी ने कहा कि हर घर तिरंगा अभियान का उद्देश्य युवा पीढ़ी में देशभक्ति की भावना जगाना और तिरंगे से जुड़ाव को गहरा करना है। इस यात्रा से हम अपनी युवा पीढ़ी में तिरंगे के प्रति सम्मान और अधिक बढ़ा पाएंगे। यह यात्रा हमें आजादी प्रदान करने वाले वीरों के त्याग को भी बता रही है। हर घर तिरंगा अभियान के अंतर्गत हमें अपने घरों पर गर्व से तिरंगा फहराना चाहिए। वहीं महापौर श्रीमती मालती राय ने कहा कि राष्ट्रीय ध्वज हमारे अंदर राष्ट्र के प्रति समर्पण के भाव को और भी प्रबल करता है। हमें दूसरे लोगों को भी तिरंगे के सम्मान में आयोजित इस कार्यक्रम में जुड़ने के लिए प्रेरित करना चाहिए। हमारा देश और हमारा समाज स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों का सदैव ऋणी रहेगा। उनके कारण ही आज हम आजाद देश के नागरिक हैं।

समापन अवसर पर विश्वविद्यालय के प्रांगण में डॉ अदिति चतुर्वेदी, निदेशक आईसेक्ट ग्रुप ऑफ यूनिवर्सिटीज ने सफल यात्रा की बधाई देते हुए कहा कि हमें सक्रियता और कर्मठता के साथ सभी को हर घर तिरंगा अभियान से जोड़ते हुए तिरंगे के प्रति अपनी प्रतिबद्धता को बताना है। वहीं डॉ विजय सिंह ने कहा कि पूरे देश में इन दिनों हर घर तिरंगा अभियान चलाया जा रहा है और देश की आजादी के अमृत अवसर पर हर किसी को शामिल किए जाने हेतु आमंत्रित किया जा रहा है। हम सभी के लिए गर्व की बात है कि आज सभी देशवासियों को देश का राष्ट्रीय ध्वज फहराने का सौभाग्य प्राप्त हो रहा है। डॉ. ब्रह्म प्रकाश पेठिया जी ने बाइक रैली के सभी प्रतिभागियों एवं पुलिस प्रशासन का आभार व्यक्त किया साथ ही विश्वास जताया कि विश्वविद्यालय के विद्यार्थी समाज को और सशक्त बनाने में अपना उत्कृष्ट योगदान देंगे।

 



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कश्मीर यूनिवर्सिटी के छात्रों का डाटा हुआ हैक, अधिकारी बोले- अनमॉडिफाइड था डेटा बेस

कश्मीर यूनिवर्सिटी के छात्रों का डाटा हुआ हैक, अधिकारी बोले- अनमॉडिफाइड था डेटा बेस



डिजिटल डेस्क, श्रीनगर। कश्मीर विश्वविद्यालय के छात्रों का डाटा बेस डार्क वेब पर देखे जाने की खबरों के बीच अधिकारियों ने बुधवार को कहा कि विश्वविद्यालय का डेटा बेस अनमॉडिफाइड था और कथित उल्लंघन की जांच की जा रही है। एक स्वतंत्र मीडिया आउटलेट द्वारा यह बताया गया कि कश्मीर विश्वविद्यालय के डेटा बेस को विक्टर लस्टिंग द्वारा हैकिंग डिस्कशन बोर्ड पर मात्र 250 डॉलर में बिक्री के लिए रखा गया है।

मीडिया रिपोर्ट में कहा गया है कि धमकी देने वाले एक्टर ने अपने पास मौजूद डेटा को दिखाने के लिए एक डेटाबेस इंडेक्स शेयर किया है। जिसमें छात्र की जानकारी, रजिस्ट्रेशन नंबर, फोन नंबर, ईमेल एड्रेस, पासवर्ड, कर्मचारी डेटा और बहुत कुछ शामिल करने का दावा किया गया है।

रिपोर्ट में कहा गया है, डेटाबेस को ब्रीच्ड फोरम पर सूचीबद्ध किया गया है, जो मशहूर हैकिंग फोरम है, जिसने इस महीने की शुरूआत में 1 बिलियन से अधिक चीनी निवासियों के डाटा में कथित रूप से सेंध लगाने के मामले पर अंतरराष्ट्रीय ध्यान आकर्षित किया था। इस बीच, कश्मीर विश्वविद्यालय ने एक बयान में कहा कि छात्रों का डेटाबेस अनमॉडिफाइड है और इस मामले में आगे की जांच जारी है।

(आईएएनएस)

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