Bank FDs VS Small Savings Schemes: आजकल महंगाई दर दिन-प्रतिदिन बढ़ता जा रहा है, जिसके चलते काफी लोग अब अपने और अपने परिवार के फ्यूचर के लिए सेविंग करना पसंद कर रहे हैं, क्योंकि कब, कौन-सी इमरजेंसी आ जाए कुछ नहीं पता होता. ऐसे में लोग अपने पैसों को सुरक्षित रखने के साथ-साथ अच्छा रिटर्न भी चाहते हैं. बैंक FD और स्मॉल सेविंग्स योजनाएं दो सबसे लोकप्रिय ऑप्शन बनकर सामने आते हैं, लेकिन दोनों के अपने-अपने फायदे और सीमाएं हैं, इसलिए लोगों को सही ऑप्शन का चुनाव करना चाहिए.
सबसे जरूरी बात यह है कि अप्रैल-जून 2026 तिमाही में सरकार ने स्मॉल सेविंग्स योजनाओं की ब्याज दरों में कोई बदलाव नहीं किया है तो वहीं बैंक FD की दरें लगभग 6.25 प्रतिशत से 6.66 प्रतिशत के बीच हैं, जबकि स्मॉल सेविंग्स योजनाएं अब भी 8.2 प्रतिशत तक रिटर्न दे रही हैं. ऐसे में इन्वेस्टर्स के सामने सवाल है कि वे FD की सुविधा चुनें या ज्यादा रिटर्न के लिए सरकारी योजनाओं में इन्वेस्ट करें.
ब्याज दरों में कौन आगे?
अगर रिटर्न की बात करें तो स्मॉल सेविंग्स योजनाएं बैंक FD से बेहतर नजर आती हैं जानिए कैसे?
- सुकन्या समृद्धि योजना: 8.2 प्रतिशत
- NSC: 7.7 प्रतिशत
- किसान विकास पत्र: 7.5 प्रतिशत
- मासिक आय योजना: 7.4 प्रतिशत
- PPF: 7.1 प्रतिशत
- पोस्ट ऑफिस सेविंग: 4 प्रतिशत
वहीं बैंक FD दरें देखी जाए तो
- SBI, HDFC, ICICI: 6.25 प्रतिशत
- कोटक महिंद्रा: 6.50 प्रतिशत
- Yes बैंक: 6.66 प्रतिशत
लॉक-इन और लिक्विडिटी
बता दें कि बैंक FD ज्यादा लचीली होती हैं. आप कम या ज्यादा समय के लिए इन्वेस्ट कर सकते हैं और जरूरत पड़ने पर पैसे निकाल भी सकते हैं (पेनल्टी के साथ). अगर वहीं बात करें स्मॉल सेविंग्स योजनाओं का तो इसमें लॉक-इन ज्यादा होता है.
- NSC: 5 साल
- PPF: 15 साल
- सुकन्या योजना: लंबी अवधि (बेटी की उम्र तक)
इसलिए ये योजनाएं लंबी अवधि के लक्ष्यों के लिए बेहतर होती हैं.
टैक्स में किसका फायदा?
स्मॉल सेविंग्स योजनाओं में इन्वेस्ट करने पर धारा 80C के तहत 1.5 लाख रुपये तक टैक्स छूट मिलती है. कुछ योजनाओं में ब्याज पर भी टैक्स छूट मिलती है. वहीं दूसरी तरफ, बैंक FD का ब्याज पूरी तरह टैक्सेबल होता है, जिससे असली रिटर्न कम हो सकता है.
कौन ज्यादा सुरक्षित है?
दोनों ही ऑप्शन सुरक्षित माने जाते हैं. स्मॉल सेविंग्स योजनाएं सरकार के समर्थित होती हैं, वहीं जबकि बैंक FD भी बड़ें बैंकों में सुरक्षित रहती हैं. इसलिए जोखिम के मामले में दोनों भरोसेमंद हैं.
क्या दोनों में इन्वेस्ट करना सही है?
एक्सपर्ट्स का मानना है कि सिर्फ एक ऑप्शन चुनने के बजाय दोनों में इन्वेस्ट करना बेहतर होता है. इससे आपको FD से लिक्विडिटी और स्मॉल सेविंग्स योजनाओं से ज्यादा रिटर्न और टैक्स फायदा मिल सकता है.